शादी में आंटी को पटाकर चूत फाड़ी

0
loading...

प्रेषक :- सेम …

हैल्लो दोस्तों मेरा नाम सेम है और मेरी उम्र 20 साल है। दोस्तों में पंजाब का रहने वाला हूँ। में बहुत लंबे समय से सेक्सी कहानियाँ पढ़ता आ रहा हूँ और मैंने उनके बहुत मज़े लिए व अब तक में अनगिनत कहानियाँ पढ़कर बहुत बार अपना लंड हिलाकर उसको शांत कर चुका हूँ। वैसे मुझे यह शौक बहुत पहले से है और आज में थोड़ी हिम्मत करके अपनी भी एक सच्ची कहानी को घटना आज आप सभी कामुकता डॉट कॉम के पढ़ने और इसको इतना चाहने वालों के लिए बहुत उम्मीद से लेकर आया हूँ और अब में सीधा अपनी आज की सच्ची कहानी पर आता हूँ जो पिछले साल की है। जब हमारे घर के पास मेरे पड़ोसी की शादी थी और में भी उस शादी में मज़े ले रहा था। दोस्तों पंजाब में अक्सर शादी के दिनों में बहुत जमकर दारू पार्टी होती है, इसलिए में भी उस पार्टी में अपने मिलने वालों के साथ बैठकर ड्रिंक कर रहा था और कुछ देर बाद में उनके कहने पर उन्ही के साथ नाच रहा था और तब तक मुझे हल्का हल्का सा नशा हो गया था। फिर कुछ देर नाचने के बाद मेरे पैर अब ज्यादा लड़खड़ाने लगे थे तभी अचानक से में नाचते नाचते पास में बैठी हुई एक मस्त सेक्सी आंटी पर जाकर गिर पड़ा। फिर मैंने उठकर उन आंटी को अपनी तरफ से हुई गलती के लिए माफ़ करने के लिए कहा, लेकिन वो तो उल्टा मुझे बदतमीज़ कहकर वहां से उठकर दूसरी जगह पर चली गई और जब मैंने ध्यान से देखा तो वो क्या मस्त माल थी।

दोस्तों उसकी उम्र करीब 32 साल थी, लेकिन उसके सेक्सी बदन की वजह से वो दिखने में सिर्फ़ 26 के करीब लग रही थी और में लगातार उसको घूर घूरकर देखने लगा जिसकी वजह से वो कुछ देर बाद उठकर जाने लगी। फिर में भी उसका पीछा करने लगा और उसने भी इस बात पर गौर कर लिया था। फिर कुछ देर बाद मुझे पता लगा कि उसका पति उससे उम्र में बहुत बड़ा है कुछ और देर चलने के बाद वो पार्टी ख़तम हुई और मैंने उसी रात को उसके नाम की मुठ मारकर अपने लंड को शांति दी। फिर मैंने मन ही मन सोचा कि उसको मुझे पक्का चोदना है चाहे जैसे भी हो में उसकी चुदाई करके रहूँगा और यही बातें सोचकर ना जाने कब में सो गया। फिर उसके अगले दिन जब में उस शादी में गया तो में हर तरफ बस उसी को ढूँडने लगा था और वो मुझे बहुत जल्दी मिल भी गई। फिर जब मैंने उसको देखा तो में देखता ही रह गया उसने लहंगा पहना हुआ था जिसमे वो पिछले दिन से भी ज्यादा सुंदर दिख रही थी और उसको देखकर मेरा मन कर रहा था कि में अभी उसे वहीं पर पकड़कर स्मूच कर दूँ और मुझे बाद में पता चला कि उसके फिगर का आकार 34-30-36 है। फिर में उसको अब बहुत गौर से घूरकर देखने लगा उसका वो सेक्सी बदन मुझे अपनी तरफ आकर्षित कर रहा था और उसने मेरी उसके बूब्स को घूरती हुई नजर पर गौर कर लिया था, इसलिए वो अब मुझे बहुत गुस्से से देखने लगी। में अब लगातार उसका पीछा करने लगा। फिर तभी सही मौका देखकर सभी से नजर बचाकर वो मुझे एक साइड में लेकर चली गई और फिर उसने मुझसे पूछा कि तुझे मुझसे क्या चाहिए तू बार बार मुझे इस तरह खा जाने वाली नजरो से क्यों देख रहा है क्या तू पागल है? तो मैंने कहा कि हाँ में आपके इस गोरे सेक्सी बदन को पाने के लिए बिल्कुल पागल हो चुका हूँ और मुझे बस आप ही चाहिए में आपको बहुत प्यार करना चाहता हूँ। तभी उसने मेरी अधूरी बात को सुनकर मुझे एक जोरदार थप्पड़ मार दिया और फिर उसने मुझसे कहा कि अगर अब तूने मेरा पीछा किया तो में अपने पति को सब कुछ बता दूंगी, वो तुझे इससे भी ज्यादा मारेगें या फिर तुझे पुलिस के हवाले कर देगें, लेकिन दोस्तों मेरे सर पर भी उसके नाम का भूत सवार था। फिर में भी उसका लगातार पीछा करता रहा और कुछ घंटे गुजर जाने के बाद वो भी मेरी हरकतों से मेरी तरफ थोड़ा बहुत झुकने लगी। फिर कुछ देर बाद उसने मुझे दोबारा इशारा करके एक साइड में बुला लिया और फिर उसने मुझसे कहा कि क्या हुआ तुम मुझे इतना क्यों देख रहे हो? तो मैंने उनसे कहा कि यहाँ पर जितनी भी सुंदर औरतें है उन सभी में आप बस एक ही सुंदर परी हो और वो सभी आपके सामने कुछ भी नहीं है, में सच कह रहा हूँ शायद यह बात आपको किसी ने ना बताई हो इसलिए में अब बता रहा हूँ एक बार अपने आप को देखो। दोस्तों मेरे मुहं से अपनी इतनी ज्यादा तारीफ सुनकर वो अब ज़ोर ज़ोर से हंसने लगी थी और उसने मुझसे मेरा मोबाइल नंबर ले लिया और कहा कि तुम मुझे फोन मत करना बस मेरी तरफ से फोन आने का इंतजार करना, में तुम्हे बहुत जल्दी फोन करूंगी और अब वो मुझसे इतनी बात कहकर मुस्कुराने लगी। फिर मैंने सही मौका देखकर उससे उसका नाम पूछा तो उसने मुझे अपना नाम श्वेता बताया और अब मैंने उससे कहा कि मुझे एक चीज़ और चाहिए आपके इन रस भरे होंठो का एक किस। यह सुनकर वह कहती है नहीं, में अभी तुम्हे नहीं दे सकती, कोई देख लेगा। फिर मेरे बहुत बार ज़ोर देकर कहने पर वो मान गई और फिर मैंने उसके होंठो पर अपने होंठ रख दिए और बहुत ज़ोर से उसको किस करने करने लगा। मैंने जब उसकी गांड पर हाथ फेरा तो वो जोश में आने लगी, लेकिन तभी वो अचानक से मुझसे अलग हो गई और वो मुझसे बाय कहकर वहां से चली गई और में भी अपने घर पर जाकर उसके फोन का इंतजार करने लगा और दो दिनों तक बहुत इंतजार करने के बाद उसका मेरे पास फोन आ गया।

श्वेता : हैल्लो।

में : हाँ हैल्लो।

श्वेता : और बताओ कैसे हो सेम?

में : मुझे माफ़ करिएगा, मैंने आपको पहचाना नहीं आप कौन हो?

श्वेता : अरे पागल में श्वेता बोल रही हूँ क्या अब भी नहीं पहचाना या में तुम्हे कुछ और भी बताऊँ?

में : हाहहहः में पहचान गया, आप मुझे माफ़ करिए और आप बताए आप क्या कर रही हो?

श्वेता : नहीं ऐसा कुछ खास नहीं और तुम बताओ तुम क्या कर रहे हो?

में : नहीं एसे ही फोन पर चेटिंग कर रहा था।

श्वेता : अच्छा तब तो जरुर गर्लफ्रेंड से बात कर रहे होंगे।

में : नही नही ऐसा कुछ नही है।

श्वेता : चलो ये बताओ तुम्हारे कोई गर्लफ्रेंड है?

में : नहीं पहले थी, लेकिन थोड़े दिन पहले मेरी उससे बातचीत एकदम खत्म हो गई।

श्वेता : चलो कोई बात नहीं ज्यादा उदास ना हो, अब में हूँ ना तेरे पास और वो यह बात कहकर हंसने लगी।

में : क्या आप वाट्सप पर हो?

श्वेता : हाँ हूँ, लेकिन जब में तुम्हे कोई मैसेज करूंगी, तभी तुम अपनी तरफ से मुझे मैसेज करना।

में : हाँ ठीक है जैसी आपकी मर्जी।

दोस्तों उसके बाद से हम दोनों लगातार वाट्सअप पर बातें करने लगे और कुछ ही दिनों में अब हम एक दूसरे को अपनी सभी तरह की बातें बताने लगे और एक दिन उसने मुझे बातों ही बातों में अपने पति के साथ उसके सेक्स रिश्ते के बारे में भी खुलकर बताया। उसकी बातें सुनकर मुझे पूरा विश्वास हो गया था कि वो अपने पति की चुदाई से कभी संतुष्ट ही नहीं हुई, क्योंकि उसके पति कभी भी उसको ज्यादा समय नहीं दे पाते और वो जल्दी ही झड़कर ठंडे हो जाते थे और उसके बाद वो थककर सो जाते, जिसकी वजह से उसकी प्यास हमेशा बनी रहती थी। फिर हमारी यह सभी बातें बहुत दिनों तक वाट्सप पर हुई और तब मुझे उससे पता चला कि उसकी एक पांच साल की लड़की भी है और एक दिन बातें करते समय मैंने उससे कहा कि मुझे तुमसे अकेले में मिलना है। फिर उसने मुझसे कहा कि अभी नहीं थोड़े दिन बाद मेरे पति मेरी लड़की के साथ कुछ दिनों के लिए शहर से बाहर जाने वाले है, जब वो दोनों चले जाएगें तो में सही मौका देखकर तुम्हे फोन करके बता दूंगी। फिर मैंने कहा कि हाँ ठीक है उसके बाद हम दोनों इधर उधर की बातें हंसी मजाक करने लगे। फिर कुछ दो चार दिनों बाद उसका एक दिन मेरे पास कॉल आ गया और वो मुझसे कहने लगी कि तुम कल ठीक 9 बजे के बाद मेरे घर पर आ जाना, क्योंकि उसके बाद से में कुछ दिनों के लिए अपने घर पर बिल्कुल अकेली रह जाउंगी और बस तुम्हारा ही इंतजार करूंगी। दोस्तों ये कहानी आप कामुकता डॉट कॉम पर पड़ रहे है।

loading...

फिर मैंने कहा हाँ ठीक है में आ जाऊंगा और में उसकी वो बात सुनकर मन ही मन बहुत खुश हुआ और फिर तभी मैंने उनसे कहा कि मेरी एक शर्त है। अब वो मुझसे पूछने लगी कि हाँ बताओ वो क्या है? तभी मैंने तुंरत उनसे कहा कि में जब दरवाजा खोलूं तो आप बस उस समय ब्रा, पेंटी में खड़ी मिलना और उसके ऊपर कुछ भी नहीं। फिर वो मेरी बात को सुनकर ज़ोर से हंसने लगी और वो मुझसे कहती है कि चल हट तू पागल हो गया और यह शब्द कहकर उन्होंने अपनी तरफ से फोन बंद कर दिया। अब में उसके अगले दिन उसके घर बिल्कुल ठीक समय पर पहुँच गया और मैंने दरवाजे के पास खड़े होकर उन्हें फोन किया मेरे नंबर से फोन आता हुआ देखकर वो तुंरत समझ गई। फिर उसने ज़ोर से अंदर से आवाज देकर मुझसे कहा कि दरवाजा खुला हुआ है तुम सीधे अंदर आ जाओ और दरवाजे को बंद भी करते आना। फिर में अंदर आ गया और मैंने पीछे मुड़कर दरवाजा बंद किया इधर उधर देखा, लेकिन मुझे वो कहीं भी नजर नहीं आई और फिर मुझे दोबारा उनकी आवाज आई। में उस आवाज की दिशा में उस रूम की तरफ बड़ता चला गया। तभी मैंने उस कमरे के दरवाजे को अपने एक हाथ से हल्का सा धक्का देकर अंदर की तरफ धकेल दिया और अब मैंने अंदर देखा तो मुझे मेरी आखों पर बिल्कुल भी विश्वास नहीं हुआ, क्योंकि वो बात मैंने उनसे मजाक में कहीं थी जिसको उसने सच कर दिखाया वो मेरे सामने ब्रा और पेंटी पहने खड़ी हुई थी और वो क्या मस्त बिल्कुल सेक्सी लग रही थी? में तुरंत उसके पास जाते ही उसको अपनी बाहों में भरकर पागलों की तरह चूमने लगा। तभी उसने मुझसे कहा अब थोड़ा रूको भी में वैसे भी आने वाले दो दिनों तक बस तुम्हारी ही हूँ और तुम्हे यह सब करने का में पूरा मौका दूंगी और तुम तो मेरे साथ अब वो सब कर सकते हो जो तुम्हे करना है, लेकिन थोड़ा आराम से में कहीं भागी नहीं जा रही हूँ। में आज से बस तुम्हारी ही हूँ।

फिर में सोफे पर बैठ गया और वो उठकर किचन में चली गई और फिर उसने मुझे पीने का पानी लाकर दिया और मैंने वो पानी पिया और में उसके लिए एक चोकलेट लेकर आया था। फिर मैंने वह चोकलेट उसको दे दी और वो चोकलेट खाते खाते मुझे चूमने लगी और हम दोनों ने एक साथ मिलकर उस चोकलेट का मज़ा लिया और फिर मैंने सही मौका देखकर उसके बूब्स पर थोड़ी चोकलेट लगा दी और अब में उसके बूब्स को चूसने लगा और चोकलेट के साथ साथ बूब्स के मज़े लेने लगा। फिर कुछ देर चूसने के बाद मैंने उसकी ब्रा को खोल दिया और अब में उसके निप्पल पर हल्के हल्के काटने लगा, जिसकी वजह से वो जोश में आकर मोन करने लगी। उसने अपनी दोनों आखों को बंद कर लिया। दोस्तों में उसके बूब्स को बहुत देर तक चूसता रहा और बहुत देर चूसने के बाद उसने मेरी पेंट को खोल दिया और अब वो मेरे लंड को अंडरवियर के ऊपर से ही सहलाने और चूसने लगी। उसके यह सब करने की वजह से में बिल्कुल पागल होता जा रहा था। फिर उसने कुछ देर बाद मेरी अंडरवियर को तुरंत एक ज़ोर का झटका देकर खोल दिया और अब वो मेरे तनकर खड़े लंड को चूसने लगी, जिसकी वजह से में तो बस पागल होता जा रहा था। फिर मुझसे रहा नहीं गया और मैंने उसकी पेंटी को खोल दिया और में उसकी रसभरी कामुक चूत को देखने लगा और उसकी चूत पर बिल्कुल थोड़े थोड़े से बाल जो कि बहुत अच्छे लग रहे थे। फिर मैंने कुछ देर चूत के दर्शन करने के बाद उसको पूरा नंगा करके उसके पूरे गरम बदन को में चूमना शुरु कर दिया, जिसकी वजह से मुझे वाह क्या मज़ा आ रहा था में किसी भी शब्दों में आप लोगो को बता नहीं सकता और अब मैंने नीचे जाकर उसकी चूत की पंखुड़ियों को अपने एक हाथ से खोलकर उसके चूत के दाने को चाटना शुरू किया। वाह मुझे ऐसा लग रहा था कि जैसे में जन्नत में हूँ और वो मेरे सर को अपनी चूत पर दबाते हुए जोश में आकर ज़ोर ज़ोर से सिसकियाँ लेने लगी आअहहह ऊहहाह्ह्ह माँ में मर गई, हाँ थोड़ा और ज़ोर से चूसो वाह मज़ा आ गया ऊईईईईईईई माँ तुम तो बहुत अच्छा चूसते हो, इतने दिनों से तुम कहाँ थे? लेकिन प्लीज आज तुम मेरी चूत को पूरी तरह से संतुष्ट कर दो, यह ना जाने कब से तड़प रही है। फिर कुछ देर चूसने के बाद मैंने उसके दोनों पैरों को पूरा फैलाकर उसकी चूत के दाने पर अपने लंड को रख दिया और हल्के हल्के रगड़ने लगा, जिसकी वजह से वो उफफ्फ्फ्फ़ प्लीज आह्ह्ह्ह अब बस करो और जल्दी से अपना लंड डालो दो मेरी चूत में और तुम मुझे चोद दो तुम बहुत अच्छे हो। फिर मैंने अपने लंड को थोड़ा सा आगे किया और वो ज़ोर ज़ोर से सिसकियाँ लेने लगी आहहहहहा ऊहहहह प्लीज अब चोद दो मुझे आज तुम जमकर मुझे चोदो उफ्फ्फ्फफ्फ्फ्फ़ प्लीज मुझे अब ज्यादा तरसाना तुम बंद करो और अपने इस लंड से मेरी चूत की प्यास को बुझा दो, इसको चोदकर पूरी तरह से शांत कर दो।

फिर मैंने सही मौका देखकर उसकी कमर को कसकर पकड़ा और एक ही जोरदार धक्का दे दिया, जिसकी वजह से मेरा लंड चूत के अंदर और उसके मुहं से वो जोरदार चीखने की आवाज बाहर आने लगी, तो मैंने उसके मुहं पर अपना एक हाथ रखा दिया। फिर मैंने अपनी तरफ से लगातार ज़ोर ज़ोर से धक्के देने शुरू किए। कुछ देर धक्के देने के बाद वो भी अब मेरा साथ देने लगी और उसका दर्द कम होकर अब मज़े में बदल चुका था और वो मेरे साथ अपनी चूतड़ को उठा उठाकर चुदाई के मज़े लेने लगी। फिर करीब 15 से 20 मिनट के बाद हम दोनों एक के बाद एक झड़ गये। में उसके ऊपर थककर लेट गया और अगले दिन सुबह जब में उठा तो मैंने देखा कि वो किचन में थी और वो उस समय साड़ी पहनकर खाना बना रही थी। फिर मैंने पीछे से जाकर उसको पकड़ लिया और ठीक उसी समय उसकी साड़ी और पेटीकोट को पकड़कर मैंने तुरंत ऊपर करके में उसकी गांड को छूने लगा और दोनों कूल्हों को ज़ोर ज़ोर से दबाने लगा और फिर मैंने अपने लंड को उसकी गांड पर रख दिया और उसकी गांड अभी तक वर्जिन थी, यह बात उसने खुद मुझे बताई। अब में उसकी गांड में अपना लंड डालने लगा, लेकिन उसने मुझसे ऐसा करने के लिए साफ मना कर दिया और वो मुझसे कहने लगी कि नहीं वहां पर मैंने सुना है बहुत दर्द होता है इसलिए तुम उसको छोड़ दो आगे जैसे चाहो कर लो। फिर मैंने उससे कहा कि नहीं वहां पर तुम्हे बहुत मज़ा आएगा और दर्द की रही बात तो वो हल्का सा जरुर होगा, लेकिन मज़े के सामने तो वो कुछ भी नहीं होगा तुम मुझ पर पूरा भरोसा रखो। फिर इतना कहते हुए मैंने उसकी गांड में अपनी एक उंगली को डाल दिया और दर्द की वजह से वो ज़ोर ज़ोर से चिल्लाने लगी, लेकिन में फिर भी अपनी ऊँगली को लगातार गांड के अंदर बाहर करने में लगा रहा और करीब चार से पांच मिनट के बाद उसे भी अब बहुत मज़ा आने लगा था। अब मैंने उसकी गांड में अपना लंड डाल दिया और उसे भी बहुत मज़ा आने लगा और वो बहुत सेक्सी आवाज़े निकालने लगी ओह्ह्ह्हह भगवान में मर गई ऊईईईइ माँ मुझे बहुत दर्द हो रहा है, लेकिन तुम तो मुझे हाँ बस ऐसे ही लगातार धक्के देकर चोदते रहो, वाह अब मुझे मज़ा आ रहा है आईईईई तुम्हे चुदाई का बहुत अच्छा अनुभव है, तुम बहुत अच्छे हो और ज़ोर से और ज़ोर से मुझे चोदो। फिर मुझे उसकी बातें सुनकर और भी जोश आ गया इसलिए में अब उसके बूब्स को पकड़कर ज़ोर ज़ोर से धक्के लगाने लगा, किचन में थप थप की आवाज गूंजने लगी और में बीस मिनट मे, में फिर से झड़ गया और मैंने अपना पूरा वीर्य उसकी गांड के अंदर ही जाने दिया। फिर उसके बाद में हट गया। फिर हम दोनों ने एक साथ में नहाने के बाद नाश्ता किया। फिर उसके बाद हम दोनों उसकी कार से शॉपिंग करने चले गये। फिर में बीच बीच में उसको चूमता रहता और जब हम घर पहुँचे तब तक शाम हो चुकी थी।

loading...

फिर मैंने उससे कहा कि में आज आपके साथ सुहागरात मनाना चाहता हूँ इसलिए आप तुम्हारी शादी का जोड़ा पहन लेना। में तुम्हे आज रात मेरी दुल्हन के रूप में देखना चाहता हूँ। फिर उसने कहा कि हाँ ठीक है, वो जल्दी से तैयार होकर बिल्कुल नई नवेली दुल्हन बनकर अपने कमरे में जाकर बेड पर बैठ गई। फिर में जब रूम के अंदर गया तो उसने बेड से उठकर मुझे केसर वाला दूध दे दिया। में दूध को पीने के बाद धीरे से उसके कपड़े अपने मुहं से उतारने लगा और बीच बीच में उसके बूब्स को दबा रहा था और फिर मैंने उसके सारे कपड़े उतार दिए और समय खराब ना करते हुए में अब उसकी चूत को चाटने लगा, जिसकी वजह से मुझे बहुत ही मज़ा आ रहा था और फिर कुछ देर चूत को चाटने के बाद मैंने उसको लेटा दिया और लंड को चूत के मुहं पर रखकर एकदम से उसकी चूत में लंड को एक जोरदार धक्का देकर फंसा दिया, जिसकी वजह से वो सिसकियाँ लेने लगी आआहह अहहाह उहहहह माँ मर गई मुझे बहुत मज़ा आने लगा था। फिर वो भी कुछ देर बाद उछल उछलकर मुझसे अपनी चूत मरवाने लगी थी। उसका वो जोश देखकर मै भी धक्के पे धक्के दिए जा रहा था, लेकिन अब वो झड़ने के लिए तैयार थी इसलिए उसने अचानक से मुझे कसकर पकड़ लिया और में अब और भी ज़ोर से धक्के लगाने लगा और कुछ ही समय बाद में भी झड़ गया। फिर हम दोनों नंगे ही सो गये और हम दोनों दो दिनों तक पूरे घर में बिना कपड़े के घूमते रहे। उस बीच मैंने उसको बहुत बार चोदा और उसने भी मेरा पूरा साथ देते हुए चुदाई के बहुत मज़े लिए।

दोस्तों उन दो दिनों में मैंने उसको पूरी तरह से संतुष्ट और उसकी चूत को शांत कर दिया। वो मेरी चुदाई से बहुत खुश थी और मैंने उसके साथ बहुत बार चुदाई के मजे किए, लेकिन फिर दो दिन पूरे मज़े लेने के बाद उसके पति के वापस आने का समय हो चुका था, इसलिए में उसकी आखरी बार चुदाई करके अपने घर पर आ गया और घर पर आने के बाद भी में उसके बारे में सोचकर मुठ मारकर सो गया। फिर हमारी फोन पर बातें होने लगी और उसके कहने बुलाने पर मैंने उसको बाद में भी बहुत बार चोदा। हमारी वो चुदाई के मज़े ऐसे ही कभी उसके घर पर तो कभी मेरे घर पर चलते रहे ।।

loading...

धन्यवाद …

Comments are closed.

error: Content is protected !!